Cask bridge: आंधी में बह गया गंगा नदी पर बना पीपा पुल, हादसे के वक्त 50 से अधिक लोग थे मौजूद
cask bridge: राघोपुर और हाजीपुर को जोड़ने वाला गंगा नदी पर बना 1200 मीटर लंबा पीपी पुल बुधवार को तेज
हवा और बारिश के कारण बह गया। हादसे के वक्त पीपा पुल पर 50 से अधिक लोग थे। नदी में पानी कम होने की वजह
से कोई दुर्घटना नहीं हुई। पुल के बह जाने से स्थानीय लोगों के सामने बड़ी समस्या आ खड़ी हुई है।
पीपा पुल (cask bridge) के बहने का वीडियो सामने आया। वीडियो में देखा जा सकता है
कि पुल किनारे से दूर जा चुका है। पुल पर कुछ लोग खड़े मदद का इंतजार कर रहे हैं।
वहीं, कुछ लोग नदी से बाहर आ रहे हैं। नदी के किनारे भी लोग वाहनों के साथ खड़े हैं
जो नदी पार करने के लिए अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे, लेकिन उससे पहले की तेज हवा पुल को बहा ले गई।
भाजपा कार्यकर्ता गौतम सिंह ने बताया है कि राघोपुर प्रखंड के 22 पंचायत को जोड़ने वाली तीन लाख से
अधिक की आबादी वाले पीपा पुल के टूट जाने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि राघोपुर प्रखंड को वैशाली जिला मुख्यालय हाजीपुर से जोड़ने वाले एकमात्र
पीपा पुल (cask bridge) के क्षतिग्रस्त होने से 22 पंचायतों के लोगों को संपर्क टूटने की समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
लोक निर्माण विभाग के कार्यकारी अभियंता ने नाम नहीं छापने की शर्त पर एचटी को बताया कि
पीपा पुल (cask bridge) को जोड़ने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली रस्सियां टूट गईं
और पूरा पुल टूट गया। उन्होंने कहा कि अब हम सभी पुल को फिर से जोड़ने का प्रयास कर रहे हैं
ताकि राघोपुर और वैशाली के बीच यातायात फिर से शुरू हो सके। उन्होंने कहा कि हर साल मॉनसून आने के
बाद 30 जून या उससे पहले पुल को तोड़ दिया जाता है। आठ महीनों के लिए स्थानीय लोग
पीपा पुल पर यात्रा करते हैं, जबकि शेष चार महीनों के लिए वे नावों से यात्रा करते हैं।
