Yogi government: दिवाली पर शिक्षामित्र-संविदा कर्मियों को योगी सरकार दे सकती तोहफा,और जानें
Yogi government: योगी सरकार बेसिक शिक्षा शिक्षक और शिक्षणेत्तर कर्मियों को दिवाली पर तोहफा दे सकती है।
सेंट्रल पैरिटी नीति के तहत प्रदेश में कार्यरत शिक्षामित्र, रसोइये, आंगनबाड़ी कार्यकत्री तथा संविदा एवं आउटसोर्सिंग पर काम कर रहे शिक्षा कर्मियों के मानदेय अथवा वेतन में वृद्धि करने पर सरकार विचार कर रही है।
इसके तहत बेसिक शिक्षा विभाग के दफ्तरों एवं स्कूलों से मानदेय, संविदा, आउटसोर्सिंग एवं दैनिक वेतन पर काम करने वाले शिक्षक एवं शिक्षणेत्तर कर्मियों का पूरा ब्योरा तलब किया गया है।
स्कूल शिक्षा महानिदेशालय ने सोमवार को सभी डायट व निदेशक, एससीआरटी, निदेशक साक्षरता एवं वैकल्पिक शिक्षा, निदेशक एमडीएम समेत समस्त डीआईओएस एवं बीएसए से एक सप्ताह में संबंधित संपूर्ण व्यौरा तलब किया गया है।
कोर्ट के आदेश पर हुआ था लिखित समझौता
दरअसल, केन्द्र सरकार ने पिछले माह अलग-अलग श्रेणी के श्रमिकों के दैनिक वेतन में वृद्धि करने का ऐलान किया है।
चूंकि कोर्ट के आदेश पर राज्य सरकार का भी प्रदेश के शिक्षक एवं कर्मचारी संगठनों के साथ लिखित समझौता है
कि केन्द्र के समान ही राज्य सरकार के सरकारी शिक्षक एवं कर्मचारियों के साथ-साथ सरकारी उपक्रमों में कार्य करने वाले को भी वेतन भत्ता आदि दिया जाएगा।
दैनिक वेतन में वृद्धि किए जाने पर विचार करना शुरू कर दिया
लिहाजा सेन्ट्रल पैरिटी की नीति अपनाते हुए शासन ने प्रदेश में नियमित के साथ मानदेय एवं संविदा पर कार्य कर रहे शिक्षक एवं अन्य कर्मियों के अलावा आउटसोर्सिंग एवं दैनिक वेतन पर कार्य करने वाले शिक्षक एवं शिक्षणेत्तर कर्मियों जिनमें आंगनवाड़ी कात्री तथा रसोइये भी शामिल हैं, के मानदेय अथवा पारिश्रमिक या दैनिक वेतन में वृद्धि किए जाने पर विचार करना शुरू कर दिया है।
शासन के आदेश पर स्कूल शिक्षा महानिदेशालय ने प्रदेश भर से मानदेय, संविदा, आउटसोर्सिंग अथवा दैनिक वेतन पर कार्य कर रहे सभी स्तर के कर्मियों का सारा व्यौरा मांगा है।
स्कूल शिक्षा महानिदेशालय ने इसके लिए निदेशक मध्यान्ह भोजन से लेकर बेसिक शिक्षा निदेशक, राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद के निदेशक के अलावा निदेशक साक्षरता एवं वैकल्पिक शिक्षा तथा निदेशक राज्य शैक्षिक तकनीकी संस्थान सहित सभी जिला विद्यालय निरीक्षक एवं बेसिक शिक्षा अधिकारियों के नाम सर्कुलर जारी किया है।
इसमें सप्ताह भर के भीतर ऐसे शिक्षकों एवं शिक्षणेत्तर कर्मियों की संख्या तथा वे किस माध्यम से कार्यरत हैं, इसका व्यौरा भेजने के निर्देश दिए गये हैं।
निर्धारित प्रारूप पर मांगी गई है सूचना
स्कूल शिक्षा महानिदेशालय ने जो सूचना मांगी है, उसे महानिदेशालय की ओर से जारी प्रारूप में भरकर भेजने को कहा गया है।
मसलन कितने शिक्षक या शिक्षणेत्तर कर्मी मानदेय, संविदा, आउट सोर्सिंग या दैनिक वेतन पर कार्य कर रहे हैं और कब से रखे गये हैं।
