Credit Card : आज से बदल रहे हैं क्रेडिट कार्ड से जुड़े यह 3 नियम, जानें क्या होगा आप पर असर?

Date:

spot_img
spot_img

Date:

spot_img
spot_img

Credit Card : आज से बदल रहे हैं क्रेडिट कार्ड से जुड़े यह 3 नियम, जानें क्या होगा आप पर असर?

credit card0:इस साल अप्रैल में भारतीय रिजर्व बैंक ने क्रेडिट और डेबिट कार्ड जारी करने के लिए

नए मानदंड जारी किए थे. इन नए नियमों में क्रेडिट कार्ड(credit card) कैंसिलेशन,

- Advertisement -
- Advertisement -

बिलिंग आदि से जुड़े नए प्रतिबंध शामिल हैं. इसमें क्रेडिट और डेबिट कार्ड (credit card) टोकनाइजेशन कराने का

नियम भी शामिल है. पहले डेबिट और क्रेडिट कार्ड (credit card) संबंधी नए नियम 1 जुलाई से लागू होने थे

लेकिन अब टोकनाइजेशन की अंतिम तारीख 30 सितंबर 2022 कर दी गई है.

1 अक्टूबर से क्रेडिट कार्ड से जुड़े ये 3 नए नियम लागू हो जाएंगे.

इसके जरिए कार्ड होल्डर को सुरक्षा के साथ-साथ बेहतर सेवा मिलेगी.

OTP आधारित सहमति जरूरी

क्रेडिट कार्ड(credit card) जारीकर्ता बैंक को कार्ड एक्टिव करने के लिए कार्डहोल्डर से

वन टाइम पासवर्ड (OTP) आधारित सहमति लेनी होगी. यदि कार्ड को जारी करने की

तारीख से 30 दिनों से अधिक समय तक ग्राहक द्वारा एक्टिव नहीं किया गया है.

कार्ड जारीकर्ता को ग्राहक से पूछकर 7 दिन के अंदर बिना किसी शुल्क के क्रेडिट कार्ड बंद करना होगा.

क्रेडिट कार्ड (credit card) लिमिट अप्रूवल

इसके अलावा कार्ड जारीकर्ता बैंकों को यह सुनिश्चित करना होगा कि कार्डधारक से स्पष्ट सहमति प्राप्त किए

बिना किसी भी समय स्वीकृत और कार्डधारक को दी गई क्रेडिट सीमा का उल्लंघन नहीं किया जाए.

कार्ड जारीकर्ता द्वारा कार्ड धारक से पूछे बिना कार्ड लिमिट की सीमा में बदलाव नहीं किया जा सकेगा.

यानी क्रेडिट लिमिट में बदलाव करने को लेकर ग्राहकों को कार्ड जारी कर्ता की

तरफ से जानकारी देनी होगी और कस्टमर से इसकी परमिशन लेनी होगी.

ब्याज की दर

क्रेडिट कार्ड पर ब्याज की वसूली/चक्रवृद्धि के लिए अनपैड चार्ज/लेवी/टैक्स नहीं होगा.

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के सर्कुलर के अनुसार अनपेड चार्ज/लेवी/करों को कंपाउंडिंग ब्याज के लिहाज से

कैपिटलाइज नहीं किया जा सकेगा. ऐसा इसलिए कि क्रेडिट कार्ड के ब्याज के जाल में ग्राहक ना फंसे.

अब कंपनियां 1 अक्टूबर से कंपाउंडिंग ब्याज बिलों पर नहीं लगा पाएंगी.

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने 30 सितंबर तक ऑनलाइन पॉइंट-ऑफ-सेल और इन-ऐप लेनदेन में उपयोग किए जाने

वाले सभी क्रेडिट और डेबिट कार्ड(credit card) डेटा को यूनिक टोकन के साथ बदलना अनिवार्य कर दिया है.

कार्ड को टोकेनाइज्ड कराने से सुरक्षा की यह अतिरिक्त परत उपयोगकर्ताओं के साथ

धोखाधड़ी को रोकेगी और उन्हें डिजिटल पेमेंट का बेहतर अनुभव मिलेगा

Share This:
Ajay Sharmahttps://computersjagat.com
Indian Journalist. Resident of Kushinagar district (UP). Editor in Chief of Computer Jagat daily and fortnightly newspaper. Contact via mail computerjagat.news@gmail.com

Most Popular

More like this
Related

Kushinagar Airport: विधायक पी.एन. पाठक ने कुशीनगर एयरपोर्ट से उड़ान शुरू कराने की उठाई मांग

Kushinagar Airport: विधायक पी.एन. पाठक ने कुशीनगर एयरपोर्ट से...

Board Exam: डीएम-एसपी का औचक निरीक्षण,नकलविहीन परीक्षा कराने के सख्त निर्देश

Board Exam: डीएम-एसपी का औचक निरीक्षण,नकलविहीन परीक्षा कराने के...

Procession: महाशिवरात्रि पर भव्य शिव बारात शोभायात्रा, श्रद्धालुओं का उमड़ा जनसैलाब

Procession: महाशिवरात्रि पर भव्य शिव बारात शोभायात्रा, श्रद्धालुओं का...