Bribe: थाने के दरोगा पर रिश्वत लेने और धमकी देने का आरोप,वायरल वीडियो से मचा हड़कंप
रिपोर्ट : नासिर लारी
Bribe: कुशीनगर जनपद के खड्डा थाना क्षेत्र के ग्राम सभा तुर्कहा के असगर ने थाना अध्यक्ष को एक प्रार्थना पत्र सौंपकर सनसनीखेज आरोप लगाए हैं।
असगर ने बताया कि पूर्व में उनके लड़के ने एक अनुसूचित जाति की लड़की को भगा लिया था।
इस मामले में खड्डा थाने के दरोगा सूर्यनाथ पासवान ने उनसे डेढ़ लाख रुपये की मांग की और दावा किया कि इतना पैसा देने पर उनका लड़का रिहा हो जाएगा, अन्यथा जेल भेज दिया जाएगा।
असगर के अनुसार, उन्होंने किसी तरह 83,800 रुपये की व्यवस्था कर दरोगा सूर्यनाथ पासवान को दे दिए।
इसके बावजूद, उनका लड़का जेल भेज दिया गया। जब असगर ने दरोगा से अपने पैसे वापस मांगे, तो दरोगा ने कहा कि कुछ पैसा खर्च हो चुका है और बाकी बाद में लौटा देंगे।
इस बीच, गांव के ही एक व्यक्ति ने असगर को सलाह दी कि पैसा अभी रखने दें, बाद में लौटा दिया जाएगा।
हालांकि, दरोगा ने सारा पैसा अपने पास रख लिया और पैसे मांगने पर असगर को जेल भेजने की धमकी देने लगे।
समझौते का वीडियो वायरल, पुलिस प्रशासन में हड़कंप
मामले ने तब और तूल पकड़ा जब दरोगा सूर्यनाथ पासवान के असगर के घर जाकर पैसे को लेकर समझौता करने की कोशिश का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।
वीडियो में कथित तौर पर दरोगा और असगर के बीच समझौते की बातचीत दिखाई दे रही है। हालांकि, “कम्प्यूटर जगत समाचारपत्र” ने इस वीडियो की पुष्टि नहीं की है।
इस वायरल वीडियो के बाद पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया है और लोग इस मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
पुलिस ने शुरू की जांच
प्रार्थना पत्र के आधार पर खड्डा थाना पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह के मामले पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाते हैं।
वहीं, इस घटना ने स्थानीय लोगों में आक्रोश पैदा कर दिया है, और वे दरोगा के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
पुलिस अधीक्षक (एसपी) कुशीनगर ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए हैं। एसपी ने कहा कि यदि दरोगा की संलिप्तता पाई गई तो उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
सोशल मीडिया पर चर्चा तेज
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के बाद इस मामले ने व्यापक ध्यान खींचा है। कई यूजर्स ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं, जबकि कुछ ने इस घटना को भ्रष्टाचार का स्पष्ट उदाहरण बताया है।
इस बीच, असगर और उनके परिवार का कहना है कि उन्हें इंसाफ चाहिए और उनका पैसा वापस किया जाए।
यह मामला कुशीनगर पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है, और अब सभी की नजर इस बात पर है कि जांच में क्या खुलासा होता है और दरोगा के खिलाफ क्या कार्रवाई होती है।
