Asaram: जेल में आसाराम फिर भी क्यों परेशान रेप पीड़िता का परिवार, अतिरिक्त सुरक्षा मिली
Asaram: कथावाचक आसाराम जेल में है लेकिन उसके गुर्गे रेप पीड़िता के लिए खतरा बने
हुए हैं। रेप पीड़िता के घर की रेकी कर रहे हैं। रेप पीड़िता के पिता ने पुलिस से गुहार लगाई है।
पुलिस ने पीड़िता के घर पर अतिरक्ति पुलिस फोर्स को तैनात
किया है। मामला शाहजहांपुर कोतवाली थाना क्षेत्र का है।
पुलिस अधीक्षक एस आनंद ने मंगलवार को बताया कि कथावाचक आसाराम मामले में
पीड़िता के पिता उनसे मिले थे। उन्होंने बताया कि शहर में आसाराम के गुर्गों ने
रविवार को ‘ऋषि प्रसाद नामक’ किताब तथा पंपलेट बांटे हैं।
इसी के चलते उन्हें अपनी तथा अपने परिवार की जान का खतरा उत्पन्न हो गया है।
एस आनंद ने बताया कि एहतियातन पीड़िता के आवास पर चार पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई
गई है। वहां पर पहले से ही सुरक्षाकर्मी तैनात थे। इसके अलावा चल रहे मुकदमों में पैरवी आदि
पर जाने के लिए पीड़िता के पिता को अलग से सुरक्षा उपलब्ध कराई जाएगी
तथा इस पूरे मामले में हम लगातार मानिटरिंग कर रहे हैं।
संबंधित थाना को भी सुरक्षा के संबंध में नर्दिेश जारी किए गए हैं।
पीड़िता के पिता ने बताया कि शाहजहांपुर में आसाराम का ‘आश्रम’ अभी भी संचालित हो रहा
है और उसी आश्रम से उनके खिलाफ गलत गतिविधियां चलाई जा रही हैं।
उन्होंने बताया कि आसाराम के गुर्गे शहर में जगह-जगह आसाराम के फेवर में किताबें बांट रहे हैं ।
साथ ही आसाराम के गुर्गे उनके घर की रेकी भी कर रहे हैं।
रेप पीड़िता के पिता ने पुलिस से मांग की है कि आसाराम के गुर्गों की पहचान कराकर
उन्हें गिरफ्तार किया जाए और उनके परिवार की सुरक्षा को बढ़ाया जाए ।
शाहजहांपुर में बना आसाराम का आश्रम जिला प्रशासन द्वारा सीज (बन्द) कराया जाए क्योंकि
आसाराम (Asaram) के गुर्गे आश्रम में समय-समय पर आसाराम
का अवतरण दिवस और साक्षात्कार दिवस मनाते हैं।
गौरतलब है कि शाहजहांपुर की रहने वाली एक नाबालिग से आसाराम (Asaram) ने अपने
जोधपुर स्थित आश्रम में दुराचार किया था। पीड़िता के पिता द्वारा इस मामले की रिपोर्ट दल्लिी
में दर्ज कराई गई थी जिसके बाद आसाराम को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। इसी मामले
में आसाराम को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है और आसाराम जेल में बंद है।
