IPO: अगले हफ्ते 3 कंपनियों के खुलेंगे IPO,कमाई का मौका! ₹1325 करोड़ जुटने की उम्मीद, जान लें जरूरी डीटेल्स
IPO: प्राइमरी मार्केट की गतिविधियों में मार्च में काफी तेजी देखने को मिलेगी. अगले हफ्ते गोपाल स्नैक्स (Gopal Snacks) सहित तीन कंपनियां के इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) खुल रहे हैं.
इनसे सामूहिक रूप से 1,325 करोड़ रुपये की राशि जुटने की उम्मीद है. हफ्ते के दौरान दो और कंपनियों- आरके स्वामी (RK Swamy) और जेजी केमिकल्स (JG Chemicals) के भी आईपीओ आएंगे.
मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि मजबूत मैक्रो इकोनॉमिक परिस्थितियों और हाल में लिस्ट हुए शेयरों से मिले बेहतर रिटर्न की वजह से आईपीओ (IPO) गतिविधियों में तेजी देखने को मिल रही है.
बीते साल यानी 2023 में 58 कंपनियों ने आईपीओ से 52,637 करोड़ रुपये जुटाए थे. इस साल अबतक 16 कंपनियों ने आईपीओ के जरिये 13,000 करोड़ रुपये जुटाए हैं. वहीं मुक्का प्रोटींस (Mukka Proteins) का 224 करोड़ रुपये आईपीओ 4 मार्च को बंद होगा.
Gopal Snacks IPO Details
राजकोट की कंपनी गोपाल स्नैक्स (Gopal Snacks) का 650 करोड़ रुपये का आईपीओ पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) पर आधारित होगा.
आईपीओ के लिए प्राइस बैंड 381 रुपये से 401 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है. गोपाल स्नैक्स का आईपीओ 6 मार्च को खुलकर 11 मार्च को बंद होगा.
4 मार्च को खुलेगा RK Swamy IPO
इंटीग्रेटेड मार्केटिंग सर्विसेज कंपनी आरके स्वामी (RK Swamy) का 423.56 करोड़ रुपये का आईपीओ 4 मार्च को खुलकर 6 मार्च को बंद होगा.
आईपीओ के लिए प्राइस बैंड 270-288 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है. आईपीओ के तहत 173 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए जाएंगे, जबकि इसमें 87 लाख तक इक्विटी शेयरों की बिक्री पेशकश (OFS) भी शामिल होगी.
JG Chemicals IPO Details
जिंक ऑक्साइड मैन्युफैक्चरर जेजी केमिकल्स (JG Chemicals) के आईपीओ में 165 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए जाएंगे. इसके अलावा इसमें 86.2 करोड़ रुपये की 39 लाख शेयरों की बिक्री पेशकश शामिल है.
कंपनी का आईपीओ 5 मार्च को खुलकर 7 मार्च को बंद होगा. आईपीओ के लिए प्राइस बैंड 210 से 221 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है.
नए इश्यू से मिले 91 करोड़ रुपये की आय का इस्तेमाल जेजी केमिकल्स की सामग्री सहायक कंपनी बीडीजे ऑक्साइड्स (BDJ Oxides) में निवेश के लिए किया जाएगा और 35 करोड़ रुपये का उपयोग कंपनी की लॉन्ग-टर्म वर्किंग कैपिटल जरूरतों की फंडिंग के लिए किया जाएगा. इसके अलावा, एक हिस्से का उपयोग जनरल कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए किया जाएगा.
