Electricity meter: अगले इस महिने से लगने वाले मीटरों में होंगे 4 जी सिम, बिजली के नए स्मार्ट प्रीपेड मीटरों से दूर होगी परेशानी
Electricity meter: बिजली के नए स्मार्ट प्रीपेड मीटरों के धीमा चलने और बैलेंस न बताने की समस्या नहीं होगी। अगले महीने शहर में लगने वाले करीब छह लाख बिजली मीटरों में फोर जी सिम लगाए गए हैं।
इससे डाटा ट्रांसफर करने में आसानी होगी। अभी शहर में लगे करीब डेढ़ लाख प्रीपेड मीटरों में तमाम में टू जी नेटवर्क से समस्या बनी है।
जीनस कंपनी लगाएगी फोर-जी मीटर : जीनस कंपनी को शहर के सभी बिजली उपभोक्ताओं के घरों और परिसरों में स्मार्ट मीटरों को लगाने का ठेका मिला है।
केबल को बाईपास कर बिजली चोरी न हो, इसके लिए आर्मर्ड सर्विस केबल लगाई जाएगी। खंभे से मीटर तक इस केबल में कटिया मारते ही पूरी लाइन फुंक जाएगी लेकिन कटिया नहीं लगेगी।
केस्को के आईटी डिवीजन सर्वेश पांडेय, एक्सईएन के मुताबिक नेटवर्क समस्या की वजह से डाटा ट्रांसफर की समस्या नए स्मार्ट मीटरों में नहीं होगी।
इसमें फोर जी नेटवर्क वाले सिम लगाए गए हैं। इससे हर 10 मिनट में मीटर का डाटा सर्वर पर ट्रांसफर होगा।
ये हैं समस्याएं
● घनी बस्तियों और अपार्टमेंट में लगे मीटरों में नेटवर्क की समस्या से बैलेंस नहीं पता चलता है।
● रीचार्ज खत्म होने के बाद भी सर्वर पर डाटा न ट्रांसफर होने से बिजली नहीं कटती है और अचानक बैलेंस माइनस में होने पर बिजली कटती है और रीचार्ज के बाद भी नहीं जुड़ती है।
● नियम के अनुसार शाम चार बजे के बाद बैलेंस खत्म होने पर भी बिजली नहीं कटनी चाहिए लेकिन बैलेंस की कमी से रात में भी बिजली कट जाती है।
