traffic नियम तोड़ने वालों पर सख्ती, 3 बार गाड़ी का चालान होने पर निरस्त होगा लाइसेंस,फिर भी नहीं माने
traffic: यूपी में ट्रफिक नियम तोड़ने वाला पर सख्ती बरती जाएगी।
मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र ने निर्देश दिए हैं कि सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए
15 से 31 दिसंबर तक सड़क सुरक्षा पखवाड़ा आयोजित किया जाए।
इस दौरान दुर्घटनाओं के प्रति लोगों को जागरूक किया जाए।
लगातार तीन बार चालान होने पर लाइसेंस निरस्त किया जाए और
फिर भी न मानने वालों के वाहन का पंजीकरण निरस्त कराया जाए।
मुख्य सचिव ने बुधवार को मंडलायुक्तों और जिलाधिकारियों के साथ
वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान कहा कि ओवरस्पीडिंग, रांग साइड ड्राइविंग,
मोबाइल फोन का प्रयोग और ड्रंकन ड्राइविंग सड़क दुघर्टनाओं के प्रमुख कारण होते हैं।
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इसमें कमी लाने के लिए जागरूता की जरूरत है। यह एक संवेदनशील एवं महत्वपूर्ण मुद्दा है,
इस पर सभी मंडलायुक्त व डीएम गंभीरता से काम करें। जिलों में
उपलब्ध क्रिटिकल केयर फैसिलिटी का भी निरीक्षण किया जाए,
ताकि सड़क दुर्घटना से प्रभावित व्यक्तियों को समय से उपचार मिल सके।
आपदा मित्रों को सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्ति को बचाने की भी ट्रेनिंग दी गई है।
सड़क दुर्घटना होने पर उन्हें भी सूचित करने की व्यवस्था की जाए।
राजस्व के एक साल पुराने मामले निपाटाएं
उन्होंने कहा कि एक वर्ष से अधिक पुराने राजस्व मामलों के निस्तारण पर जोर दिया जाए।
इसमें पारदर्शिता का विशेष रूप से ध्यान रखा जाए। इससे आपराधिक मामलों में भी लगाम लगेगी।
नए दर्ज होने वाले वादों को निस्तारण नियत समय-सीमा के अंदर किया जाए।
बैठक में बताया गया कि 80 दिन में राजस्व वादों के 7.3 लाख,
पैमाइश के 54,204, नामांतरण के 413988, कृषिक भूमि का गैर-कृषिक भूमि में
परिवर्तन के 582, बटवारा के 59,524 मामले निस्तारित किए गए हैं।
राज्यपाल व मंत्री के कार्यक्रमों में लोगों को बुलाया जाए
उन्होंने विकसित भारत संकल्प यात्रा की समीक्षा के दौरान कहा कि
यात्रा में स्थानीय स्तर पर अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित कराई जाए।
राज्यपाल और मंत्रियों के जिले में कार्यक्रम में आमंत्रित किया जाए।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों को यात्रा में आमंत्रित करते हुए कार्य योजना की प्रति उपलब्ध कराई जाए।
यात्रा में जिन कर्मियों की डयूटी लगाई गई है, उनकी उपस्थिति को रोज चेक कराया जाए।
अनुपस्थित रहने वाले कर्मियों का उत्तरदायित्व निर्धारित कर कार्रवाई की जाए।
राष्ट्रीय लोक अदालत नौ को
मुख्य सचिव ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन नौ दिसंबर को
प्रदेश के सभी जिलों में प्रस्तावित है। पूर्व में आयोजित लोक अदालतों में वादों के
निस्तारण के मामले में उत्तर प्रदेश का प्रथम स्थान रहा है। इस बार भी
उत्तर प्रदेश का प्रदर्शन सर्वश्रेष्ठ रहना चाहिए। आयोजन की सभी तैयारियां समय से पूरी करा ली जाए।
लोक अदालत में अधिकाधिक संख्या में वादों का निस्तारण कराया जाए।
लोक अदालत में आने वाले लोगों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसका पूरा ख्याल रखा जाए।
