Medical college के बाद अब नार्सिंग कॉलेज का मिलेगा तोहफा, खोजी जा रही जमीन
Medical college: गोँडा जिलावासियों के लिए अच्छी खबर है। मेडिकल कॉलेज के बाद उन्हें नर्सिंग कॉलेज का भी तोहफा मिलने वाला है।
मेडिकल कालेज के पास ही नर्सिंग कालेज बनाने की योजना है, जिसके प्रस्ताव भी मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने शासन को भेज दिया है।
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यहां तक कि कॉलेज परिसर के अंदर व बाहर कॉलेज के आसपास भूमि भी ढूंढी जा रही है। बताया जाता है कि जल्द ही नर्सिंग कॉलेज बनाने के लिए शासन से हरी झंडी मिल जाएगी।
पहली अप्रैल 2023 को जिला अस्पताल का अस्तित्व समाप्त हो गया और उसे स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय से सम्बद्ध कर दिया गया।
उसी दिन बाबू ईश्वर शरण जिला चिकित्सालय मेडिकल कॉलेज का अंग बन गया। वैसे शासन ने पहले ही 31 मार्च तक जिला अस्पताल से संबंधित सभी देयता समाप्त करने का फरमान जारी कर दिया था ।
यही नहीं 31 मार्च के बाद जिला अस्पताल से एक भी कर्मचारी को वेतन भी नहीं दिया जाना था। जिला अस्पताल के कर्मचारियों को चिकित्सा शिक्षा विभाग में मर्ज करने का भी पहले ही फरमान आ चुका था।
अब जबकि मेडिकल कॉलेज के संचालन में अब कुछ ही समय शेष है। एनएमसी का इंतजार किया जा रहा है। निर्माण कार्य भी 90 प्रतिशत पूरा किया जा चुका है।
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इसी बीच नर्सिंग कालेज स्थापना की कवायद शुरू की गई है। एक प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा गया है। भूमि भी खोजी जा रही है।
स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय प्रधानाचार्य डा. धनंजय श्रीकांत कोटास्थाने ने बताया कि मेडिकल कालेज की स्थापना की प्रक्रिया गतिमान है।
शासन के निर्देश के अनुसार कार्रवाई आगे बढाई जा रही है। निर्माण कार्य भी तेजी से पूरा कराया जा रहा है। हाल ही में नर्सिंग कालेज बनाने के लिए भी प्रस्ताव भेजा गया है। नर्सिंग कालेज के लिए भूमि भी ढूंढी जा रही है।
