Chandra Grahan :वर्षों बाद शनि वक्री और चंद्र ग्रहण का संयोग, इन 3 राशियों को होगा जबरदस्त फायदा
Chandra Grahan : ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस साल पितृ पक्ष के शुरुआत में ही चंद्र ग्रहण लगने जा रहा है. इस दिन शनि देव वक्री होंगे. ऐसे में आइए जानते हैं कि चंद्र ग्रहण पर शनि का वक्री होना किन 3 राशि वालों के लिए शुभ और मंगलकारी है.
पितृ पक्ष पर चंद्र ग्रहण का संयोग
वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार इस साल पितृ पक्ष की शुरुआत 7 सितंबर से हो रही है. खास बात यह है कि इसी दिन शनि देव वक्री अवस्था में गोचर करेंगे. ऐसा दुर्लभ संयोग कई वर्षों बाद बन रहा है, जब पितृ पक्ष में शनि देव वक्री होंगे, यानी उल्टी चाल शुरू करेंगे.
शनि की राशि में लगेगा चंद्रग्रहण
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस बार का चंद्र ग्रहण भी शनि की राशि में लगेगा. यह खगोलीय घटना कुछ राशियों के लिए विशेष रूप से लाभकारी साबित होने वाली है. आइए जानते हैं किन राशि के जातकों पर इस संयोग का सकारात्मक असर पड़ेगा.
मिथुन राशि
मिथुन राशि वालों के लिए यह समय बिजनेस से नजरिए से बेहद अनुकूल रहेगा. शनि का वक्री गोचर कर्म भाव में हो रहा है, जिससे करियर और व्यापार में तरक्की के योग बन रहे हैं. ऐसे में आपको नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं और नए प्रोजेक्ट की शुरुआत से अच्छा धन लाभ होगा.
वृश्चिक राशि
शनि देव इस समय वृश्चिक राशि से पंचम भाव में वक्री गोचर कर रहे हैं. इस स्थिति से जातकों को संतान सुख की प्राप्ति हो सकती है. परिवार के साथ बेहतर समय व्यतीत होगा और रचनात्मक कार्यों में रुचि बढ़ेगी. अचानक आर्थिक लाभ मिलने की संभावना भी रहेगी.
मीन राशि
मीन राशि के जातकों के लिए शनि का वक्री होना अत्यंत शुभ फलदायी रहेगा. शनि देव का गोचर लग्न भाव में होने से लोकप्रियता बढ़ेगी और सामाजिक मान-सम्मान मिलेगा. रिश्तों में सुधार आएगा और पार्टनरशिप से जुड़े कार्यों में सफलता मिलेगी.
