उमेश पाल हत्याकांड में घायल दूसरे सिपाही की भी इलाज के दौरान हुई माैत
उमेश पाल हत्याकांड में घायल दूसरे सिपाही की बुधवार को इलाज के दौरान मौत हो गई.
बुधवार को शाम करीब 5:45 बजे सिपाही राघवेंद्र ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया.
उमेश पाल को बचाने में घायल एक सिपाही की पहले ही मौके पर ही मौत हो गई थी.
दूसरे सिपाही की लखनऊ में उपचार के दौरान मौत हुई है.
पीजीआई के निदेशक आरके धीमान ने सिपाही की मौत की पुष्टि की है.
बीएसपी के पूर्व विधायक राजू पाल हत्याकांड के मुख्य गवाह उमेश पाल की 24 फरवरी को
बम और गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. इस मामले में उमेश पाल की
मौके पर ही मौत हो गई थी. वहीं सुरक्षा में तैनात दो गनर को भी गोली लगी थी,
जिसमें की एक की मौके पर ही मौत हो गई थी. दूसरे को उपचार के लिए लखनऊ पीजीआई में
भर्ती कराया था. घटना के 5 दिन बाद सिपाही राघवेंद्र ने भी दम तोड़ दिया.
हादसे में 3 लोगों को गोली मारी गई थी, जिसमें से सभी की मौत हो गई हैंं.
कोर्ट से वापस आने के बाद जैसे ही उमेश अपने घर के पास पहुंचा ही था
कि पहले से ही घात लगाए बैठे बदमाशों ने उस पर ताबड़तोड़ गोलियों और
बम से हमला बोल दिया था. इसके बाद उमेश जैसे ही कार से उतर कर अपने घर की तरफ
भागा तो पीछे से एक के बाद एक कई बम मारकर उसे मौत के घाट उतार दिया.
इस हत्याकांड का आरोप बाहुबली अतीक अहमद पर लगा है.
हत्याकांड में शामिल एक शूटर को यूपी की पुलिस ढेर कर चुकी है.
वहीं दूसरी तरफ अतीक अहमद के गुर्गों की संपत्ति पर बुलडोजर एक्शन भी चल रहा है.
प्रयागराज में उस मकान को ध्वस्त किया गया है, जहां पर अतीक अहमद की
बीवी शाइस्ता रहा करती थी. बताया जाता है कि 24 फरवरी को घटना को
अंजाम देने के बाद आरोपी इसी मकान पर पहुंचे थे. पुलिस ने मुख्तार अंसारी के
सूटर बृजेश सोनकर को गिरफ्तार किया है. जिसके
पास से अवैध असलहा और कारतूस बरामद हुए हैं.
