Solar Energy: सौर ऊर्जा परियोजनाओं को बढ़ावा, नीति–2022 से निवेशकों को मिलेगा लाभ, जानें….
Solar Energy: प्रदेश की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने एवं अधिक से अधिक निवेश आकर्षित करने के उद्देश्य से उत्तर प्रदेश सरकार की सौर ऊर्जा नीति–2022 के प्रमुख प्रावधानों का जनपद कुशीनगर में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है।
जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर के निर्देशानुसार इस नीति के माध्यम से स्वच्छ, सस्ती एवं टिकाऊ ऊर्जा को बढ़ावा देते हुए औद्योगिक विकास को नई गति देने का प्रयास किया जा रहा है।
उपायुक्त उद्योग अभय कुमार सुमन ने बताया कि उत्तर प्रदेश सौर ऊर्जा नीति–2022 का मुख्य उद्देश्य जीवाश्म ईंधनों पर निर्भरता कम करना, नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देना तथा वर्ष 2026–27 तक 22,000 मेगावाट सौर ऊर्जा उत्पादन का लक्ष्य प्राप्त करना है।
सौर ऊर्जा नीति के अंतर्गत प्रमुख प्रोत्साहन
उपायुक्त उद्योग ने जानकारी देते हुए बताया कि नीति के तहत निवेशकों को कई महत्वपूर्ण सुविधाएं एवं छूट प्रदान की जा रही हैं—
- सौर ऊर्जा संयंत्र/सोलर पार्क हेतु प्रयुक्त भूमि पर स्टाम्प शुल्क में 100% छूट
- 10 वर्षों तक विद्युत शुल्क में 100% छूट
- आगामी पांच वर्षों में 30,000 युवाओं को “सौर मित्र” के रूप में प्रशिक्षण
- रु. 2.50 करोड़ प्रति मेगावाट की दर से सब्सिडी के साथ 4 घंटे की बैटरी भंडारण प्रणाली युक्त ग्रिड-स्केल सौर परियोजनाओं को प्रोत्साहन
- निजी आवासीय क्षेत्रों में रूफटॉप सौर संयंत्रों पर रु. 15,000 से 30,000 प्रति किलोवाट तक सब्सिडी
- तीसरे पक्ष को बिजली बिक्री अथवा कैप्टिव उपयोग पर व्हीलिंग/ट्रांसमिशन शुल्क में 50% छूट
- सौर ऊर्जा खरीद पर अंतरराज्यीय ट्रांसमिशन प्रणाली के लिए क्रॉस सब्सिडी अधिभार व ट्रांसमिशन शुल्क में 100% छूट
- निजी क्षेत्र द्वारा सौर पार्कों के विकास हेतु राज्य सरकार की ओर से आवश्यक सहयोग एवं सुविधाएं
आवेदन प्रक्रिया
पूंजीगत सब्सिडी हेतु इच्छुक निवेशक निवेश मित्र पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए कार्यालय उपायुक्त उद्योग, जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र, कुशीनगर से मोबाइल नंबर 9151803928 पर संपर्क किया जा सकता है।
उपायुक्त उद्योग ने जनपद के उद्यमियों, निवेशकों एवं आमजन से अपील की है कि वे उत्तर प्रदेश सौर ऊर्जा नीति–2022 का अधिकाधिक लाभ उठाएं, स्वच्छ ऊर्जा को अपनाएं और कुशीनगर के आर्थिक विकास में सक्रिय सहभागिता करें।
