ISRO: इसरो के वैज्ञानिकों द्वारा राॅकेट लांचिंग का किया गया ट्रायल
चार दिवसीय कार्यक्रम के तहत वोटिंग, पैराग्लाइडिंग घुड़ सवारी की भी व्यवस्था
ISRO: जनपद के स्थानीय विकास खंड के ग्राम रकबा जंगली पट्टी में इसरो के वैज्ञानिकों द्वारा प्रशासनिक टीम की उपस्थिति में रॉकेट लॉन्च का चार दिवसीय आयोजन किया गया है। इसरो इन स्पेस और एनएसआईएल के दिशा-निर्देशों पर एक प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। जिसमें युवा वैज्ञानिकों ने अपने द्वारा डिज़ाइन किए गए कैन साइज के उपग्रह का ट्रॉयल परीक्षण किया।
शुभारंभ 27 अक्टूबर, सोमवार से होगा
डिपार्टमेंट ऑफ स्पेस के अंतर्गत कार्यरत तीनों विंग इसरो, इन स्पेस और एनएसआईएल के दिशा निर्देश पर तमकुहीराज तहसील क्षेत्र के रकबा जंगलीपट्टी में एपी तट बन्ध के समीप चार दिवसीय प्रतियोगिता का शुभारंभ 27 अक्टूबर दिन सोमवार से किया जायेगा।
इसमें कुल 71 रॉकेट्री कैन साइज के सैटेलाइट लांच किए जायेगे। जो विद्यार्थियों द्वारा ही डिजाइन तथा बनाए गये है। स्पेस जागरूकता के साथ-साथ इसमें विद्यार्थियों का रुझान बढ़ाना इस प्रतियोगिता का असल उद्देश्य है। क्षेत्र में पहली बार ऐसे प्रतियोगिता का आयोजन को लेकर ग्रामीणों सहित युवाओं में अति उत्साह देखने को मिला।
शनिवार को विकास खण्ड सेवरही के रकबा जंगली पट्टी में चार दिवसीय रॉकेट लॉन्चिंग प्रतियोगिता के क्रम में ट्रायल टेस्ट किया गया।
छात्रों में अंतरिक्ष विज्ञान के प्रति रुझान
इसरो के वैज्ञानिकों द्वारा रॉकेट लॉन्चिंग कार्यक्रम के बावत इसरो के वैज्ञानिक अभिषेक सिंह ने बातचीत के दौरान अवगत कराया कि “इन-स्पेस मॉडल रॉकेट्री/कैनसैट इंडिया छात्र प्रतियोगिता 2024-25” का आयोजन एस्ट्रोनॉटिकल सोसाइटी ऑफ इंडिया (एएसआई) द्वारा भारतीय राष्ट्रीय अंतरिक्ष संवर्धन और प्राधिकरण केंद्र (इन-स्पेस), इसरो और अन्य संघों के सहयोग से छात्र समुदाय के बीच अंतरिक्ष विज्ञान और प्रौद्योगिकी के प्रति रुझान पैदा करने के लिए किया जा रहा है।
इन-स्पेस मॉडल रॉकेट्री/कैनसैट इंडिया स्टूडेंट कॉम्पिटिशन 2024-25 में भारत भर के विभिन्न कॉलेजों/विश्वविद्यालयों के छात्रों द्वारा लॉन्च साइट से 1000 मीटर की ऊँचाई पर मॉडल रॉकेट और कैन आकार के उपग्रह का डिज़ाइन, विकास और प्रक्षेपण शामिल है। जिनमें
27 अक्टूबर दिन सोमवार को सुबह 7 बजे से 9 बजे तक 10 कैनसेट, 28 अक्टूबर को सुबह 11:00 से 5:00 बजे तक 20 कैंनसेट, 29 अक्टूबर को सुबह 7:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक 30 राकेट्री, एवं 30 अक्टूबर समापन दिवस पर 4 राकेट्री और 7 कैनसेट लॉन्च किए जाएंगे।
प्रतिभागियों के लिए विज्ञान के साथ-साथ एडवेंचर एवं संस्कृति का अनुभव भी तैयार किया गया है। छात्रों को बुद्ध महापरिनिर्वाण स्थल का भ्रमण बासी नदी में वोटिंग, पैराग्लाइडिंग घुड़ सवारी की व्यवस्था भी कराई गई है।
प्रतिभागियों को क्षेत्रीय सांसद शशांक मणि त्रिपाठी की पहल पर उद्यम केंद्र पूर्वांचल से भी रूबरू कराया जाएगा। इस दौरान शनिवार की शाम युवा वैज्ञानिकों द्वारा कैंसिल का ट्रायल टेस्ट किया गया जो सफल रहा।
रॉकेट लॉन्चिंग कार्यक्रम दौरान मुख्य रूप से एडीएम कुशीनगर, मुख्य विकास अधिकारी गुंजन द्विवेदी, उपजिलाधिकारी तमकुहीराज आकांक्षा मिश्रा, सीओ राकेश प्रताप सिंह, इसरो इन स्पेस के निदेशक डॉ विनोद कुमार, इसरो वैज्ञानिक अभिषेक सिंह, थानाध्यक्ष सेवरही धीरेंद्र राय व हैदराबाद से युवा वैज्ञानिक मदन, विजय, विग्नेश, हर्ष कपूर, अनुष्का, तेजस्विनी, सुहाना आदित्य, बालाजी आदि सहित तमाम लोग उपस्थित रहे।
