Police raid :फिल्मी स्टाइल में हुई चोर की गिरफ्तारी बाराती बनकर पहुंची पुलिस टीम; भतीजी की शादी में धर दबोचा
Police raid: मुम्बई के दादर से एक बहुत ही दिलचस्प मामला सामने आया है।
दरअसल, यहां पर पुलिस की टीम ने 15 महीने से फरार एक चोर को फिल्मी स्टाइल में गिरफ्तार किया है।
यहां दादर पुलिस स्टेशन के अधिकारी ‘बारातियों’ की तरह तैयार होकर एक शादी में पहुंचे थे।
चोर को पकड़ने के लिए पुलिस टीम की पूरी प्लानिंग काफी दिलचस्प रही।
शादी में शामिल होने पहुंचा था आरोपी
खार के रहने वाला आरोपी विनोद देवकर काफी दिनों से फरार चल रहा था।
उसको पकड़ने के लिए काफी दिनों से पुलिस को मशक्कत करनी पड़ रही थी।
इसके बाद पुलिस ने आरोपी के रिश्तेदारों पर नजर रखना शुरू कर दिया, जिससे उन्हें पता लगा कि वे सभी शादी में
शामिल होने के लिए यवतमाल जिले के दरवा तालुका के सायखेड़ा गांव जाने वाले हैं।
बारातियों की तरह तैयार होकर पहुंची पुलिस टीम
पता करने पर पुलिस को यह जानकारी मिली कि आरोपी की भतीजी की शादी थी,
तो ऐसे में उसके शादी में शामिल होने की काफी संभावना थी। इसके बाद पुलिसकर्मियों की एक टीम ‘बारातियों’ की
तरह तैयार होकर मौके पर पहुंची और उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस हिरासत में आरोपी
दादर पुलिस स्टेशन के सहायक पुलिस निरीक्षक रामकृष्ण सागडे ने कहा, “गांव की पुलिस ने पुष्टि की कि 15 मई को
गांव में एक शादी है, तभी हमारी टीम गांव पहुंची और हम बारातियों की तरह तैयार होकर और पगड़ी पहनकर भीड़ में
घुल-मिल गए। इस दौरान देवकर पर हमारी नजर पड़ी और हमने उसे अलग जगह ले जाकर गिरफ्तार कर लिया।”
फिलहाल, देवकर को मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया गया और 22 मई तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।
50 लाख रुपये चोरी कर के भागा था आरोपी
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि देवकर ने कथित तौर पर 17 मार्च, 2022 को 42 वर्षीय संदीप जगन्नाथ देसाई के वर्ली में
वीर नरीमन रोड स्थित आवास पर चोरी की थी। जब परिवार अगले दिन
अपने घर पहुंचे तो, उनकी अलमारी में तोड़फोड़ हुई थी और 50 लाख रुपये गायब थे।
डुप्लीकेट चाबी के जरिए घर में घुसा
इसके बाद पीड़ित परिवार ने चोरी का मामला दर्ज कराया और जांच के बाद पुलिस को पता लगा कि
आरोपी डुप्लीकेट चाबियों के जरिए घर में घुसा था। पुलिस ने प्रदीप कनाडे को गिरफ्तार किया,
जो परिवार का ड्राइवर था। दादर पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक महेश मुगुत्राव ने कहा कि कनाडे ने कहा कि
उसने देवकर को डुप्लीकेट चाबियों का एक सेट दिया था। इसके बाद पुलिस ने
सीसीटीवी फुटेज में दिख रहे देवकर की तलाश की, लेकिन उसका पता नहीं चल सका।
कार को शोरूम खोलकर लोगों से करता था ठगी
अधिकारी सागडे ने कहा, “हमने उनके रिश्तेदारों राहुल कुराडकर, मनीष परब, भूषण पवार और मंगला कुराडकर
को गिरफ्तार कर लिया है।” उन्होंने कहा कि देवकर के पास चुराए गए पैसे का एक बड़ा हिस्सा भी था।
पहले से भी देवकर पर कई मामले दर्ज है। सागडे ने कहा, “हमें बाद में पता चला कि देवकर ने राजस्थान में एक कार
शोरूम शुरू किया था। वहां भी वह लोगों से पैसे ले लेता था और कार की डिलीवरी नहीं देकर लोगों को ठगता था।”
रिश्तेदारों का फोन टैप करने पर हुई पुष्टि
उन्होंने बताया, “हमने एक टीम बनाई, जिसमें एपीआई सागड़े और पुलिसकर्मी भगवान पायगन, दाता शिंदे,
अजीत महादिक, महेश कोलटे, दुर्गा कोलटे और मनीष मोरे शामिल थे। टीम को पता चला कि 15 मई को देवकर परिवार
में शादी है। यहां आरोपी की भतीजी की शादी थी और उसके इसमें शामिल होने की संभावना थी।”
पुलिस ने तब सूचना पर काम करना शुरू किया और उसके रिश्तेदारों के फोन ट्रैक किए
और पाया कि वे सभी सायखेड़ा गांव की ओर जा रहे थे। पुलिस टीम ने तब ‘बारातियों’ के रूप में तैयार होने का
फैसला किया और आखिरकार, देवकर को पकड़ने में कामयाब रही।
